Thursday, 10 April 2025

तूझे देख कर मन मगन हो रहा है

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तुझे   देख कर     मन    मगन हो रहा है
नयन   ही   नयन में      भजन हो रहा है /1/

बड़ी   खुशनसीबी        हमारी है   बाबा
सुबह  शाम    तुझसे    मिलन हो रहा है/2/

तेरी  ही  पनाहों   में  है       मेरा जीवन
मुताबिक   तेरे      आचरण    हो रहा है/3/

तेरा  ध्यान  सुमिरन    तेरी कीर्ति गाथा
तेरी  रहमतों  का        सृजन हो रहा है/4/

हृदय  में   प्रभू  आप   यूँ   रम   गये हैं
कि  नित    स्वप्न में  आगमन हो रहा है/5/

तेरी  अर्चना      वंदना       तेरी  पूजा
तेरा  नाम  अविरल   श्रवण  हो रहा है/6/

तुझे  कर  रहा  हूँ मैं  अहसास अर्पण
सजल  चक्षु  से    आचमन  हो रहा है/7/

है  उपकार  तेरा    मेरी   जिन्दगी पर
बिना  कुछ  किये ही  जतन हो रहा है/8/

असर  ये  हुआ तेरी नजदीकियों का 
प्रफुल्लित  बड़ा  मेरा  मन  हो रहा है/9/

🙏🌹।।जय श्री श्याम ।।🌹 🙏

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